बेलतरा में अपराध और अवैध खनन पर सियासत गरम: विधायक पर ‘संरक्षण’ के गंभीर आरोप / कांग्रेस नेता अंकित गौरहा का हमला – हत्याकांड, लूट और खनन माफियाओं से संबंधों पर उठाए सवाल
बेलतरा में अपराध और अवैध खनन पर सियासत गरम: विधायक पर ‘संरक्षण’ के गंभीर आरोप / कांग्रेस नेता अंकित गौरहा का हमला – हत्याकांड, लूट और खनन माफियाओं से संबंधों पर उठाए सवाल
📰 बेलतरा में अपराध और अवैध खनन पर सियासत गरम, विधायक पर ‘संरक्षण’ के आरोप
बिलासपुर। बेलतरा विधानसभा क्षेत्र में बढ़ती आपराधिक घटनाओं को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस नेता अंकित गौरहा ने भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि क्षेत्र में अपराधियों और खनन माफियाओं को राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है, जिससे कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
🔴 अपराध और खनन माफियाओं का बढ़ता वर्चस्व
अंकित गौरहा ने आरोप लगाया कि हाल के समय में बेलतरा क्षेत्र में कई गंभीर आपराधिक घटनाएं सामने आई हैं। उन्होंने कहा कि इन घटनाओं को लेकर विधायक, पार्टी पदाधिकारियों और आपराधिक गतिविधियों के बीच संबंधों पर लगातार सवाल उठ रहे हैं।
उन्होंने बताया कि एक मामले में भाजपा के मंडल अध्यक्ष पर अपने ही पार्टी के पार्षद के खिलाफ साजिश रचने और लूट से जुड़ी घटना में संलिप्तता के आरोप लगे थे। साथ ही पेंडरवा हत्याकांड में भी आरोपियों के भाजपा से जुड़े होने की बातें सामने आ रही हैं।
⚫ पेंडरवा हत्याकांड ने झकझोरा
गौरहा ने कहा कि ग्राम पेंडरवा में हुआ हत्याकांड बेहद भयावह था, जिसमें छोटे बच्चों के साथ भी क्रूरता की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि पीड़ित परिवार घटना से एक दिन पहले ही थाने में शिकायत दर्ज कराने पहुंचा था, लेकिन उनकी शिकायत नहीं ली गई।
उन्होंने यह भी कहा कि इतनी गंभीर घटना के बाद भी क्षेत्र के विधायक ने पीड़ित परिवार से मुलाकात नहीं की, जिससे जनप्रतिनिधियों की संवेदनशीलता पर सवाल खड़े होते हैं।
📸 फोटो से बढ़ा विवाद
घटना के कुछ दिनों बाद कथित मास्टरमाइंड उमेश श्रीवास के साथ विधायक की तस्वीर सामने आने के बाद मामला और विवादित हो गया है। इससे पूरे घटनाक्रम पर संदेह और गहरा गया है।
🟤 अवैध खनन पर भी सवाल
गौरहा ने आरोप लगाया कि ग्राम पंचायत सरवन देवरी में अवैध खनन के दौरान एक 17 वर्षीय नाबालिग की मौत हो गई। इसके बावजूद लोफंदी और बैमा क्षेत्रों में अवैध खनन जारी है और प्रशासन द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है।
उन्होंने कहा कि एक ग्रामीण की मौत के बाद भी अवैध खनन पर रोक नहीं लगना प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है।